छत्तीसगढ़ के जांजगीर-चांपा से एक दिल दहला देने वाली वारदात सामने आई है, जहाँ संपत्ति के लालच में रिश्तों का कत्ल कर दिया गया। यहाँ एक सनकी बेटे ने अपने ही परिवार के चार सदस्यों को मौत के घाट उतार दिया।
दरअसल बुधवार की दरमियानी रात, जब पूरा गांव गहरी नींद में था, तब भवंतरा गांव के एक निर्माणाधीन मकान में इस खूनी खेल को अंजाम दिया गया। आरोपी सोना साय कश्यप ने अपने बेटे गोलू के साथ मिलकर सो रहे अपने ही परिजनों पर धारदार हथियारों से ताबड़तोड़ हमला कर दिया। हमले में पति-पत्नी और उनके दो मासूम नाती-नातिन की मौके पर ही मौत हो गई।
चश्मदीद की सूचना: गुरुवार सुबह जब एक मिस्त्री काम करने पहुंचा, तो उसने खाट पर लथपथ लाशें देखीं। उसकी सूचना पर पुलिस महकमे में हड़कंप मच गया।
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फॉरेंसिक जांच: मौके पर पहुंची फॉरेंसिक टीम और डॉग स्क्वायड ने साक्ष्य जुटाए। पुलिस ने संदेह के आधार पर जब मृत के बेटे सोना साय को हिरासत में लिया, तो पूछताछ में उसने अपना जुर्म कबूल कर लिया।
आरोपी का खौफनाक इतिहास
पुलिस जांच में यह चौंकाने वाला तथ्य सामने आया है कि मुख्य आरोपी सोना साय कश्यप एक आदतन अपराधी है। वह पहले भी अपने बड़े भाई की हत्या के आरोप में 15 साल की जेल काट चुका है। हाल ही में रिहा होकर आने के बाद भी उसके व्यवहार में कोई सुधार नहीं हुआ था। स्थानीय शिवरीनारायण पुलिस ने उसके खिलाफ पहले भी प्रतिबंधात्मक कार्रवाई की थी, लेकिन वह संपत्ति के विवाद में खून का प्यासा बना रहा।

हत्या की वजह: पैतृक संपत्ति का विवाद
प्रारंभिक जांच के अनुसार, इस पूरे हत्याकांड की जड़ जमीन और जायदाद का बंटवारा है। आरोपी सोना साय का अपने परिवार से लंबे समय से विवाद चल रहा था। जेल से आने के बाद वह संपत्ति पर अपना हक जमाना चाहता था, और इसी लालच में उसने पूरे परिवार को खत्म करने की साजिश रची।
