छत्तीसगढ़ के महासमुंद जिले में प्रशासन ने पांच पटवारियों के खिलाफ बड़ी कार्रवाई की है। राजस्व कार्यों में लापरवाही और विभागीय कामकाज में संतोषजनक प्रगति नहीं मिलने पर पांच पटवारियों को तत्काल प्रभाव से निलंबित कर दिया गया है। कलेक्टर विनय लंगेह के निर्देश पर संबंधित अनुविभागीय अधिकारियों ने निलंबन के आदेश जारी किए हैं।
राजस्व कार्यों में लापरवाही पर गिरी गाज
जानकारी के मुताबिक, किसानों से जुड़े राजस्व कार्यों में लापरवाही के साथ पंजीयन, पीवी सत्यापन और डीसीएस सर्वे में संतोषजनक प्रगति नहीं मिलने की बात सामने आई थी। इसके बाद प्रशासन ने संबंधित पटवारियों के खिलाफ कार्रवाई की। खास बात यह है कि निलंबित किए गए पटवारी हड़ताल में भी शामिल थे।

बागबाहरा के 3 पटवारी निलंबित
जारी आदेश के अनुसार, बागबाहरा तहसील के तीन पटवारियों पर कार्रवाई की गई है। इनमें भंगी राम ध्रुव, कमलेश डहरे और नीरज कुमार वर्मा शामिल हैं। तीनों को तत्काल प्रभाव से निलंबित कर दिया गया है।
बसना और सरायपाली में भी कार्रवाई
वहीं, बसना अनुविभाग के तिलक राम चौधरी और सरायपाली अनुविभाग की दमयंती नायक को भी निलंबित किया गया है। इस तरह जिले में कुल पांच पटवारियों पर कार्रवाई हुई है।
निलंबन अवधि में मिलेगा जीवन निर्वाह भत्ता
प्रशासन की ओर से जारी आदेश के मुताबिक, निलंबन अवधि के दौरान पांचों पटवारियों को नियमानुसार जीवन निर्वाह भत्ता दिया जाएगा। इस कार्रवाई के बाद राजस्व विभाग में हड़कंप मचा हुआ है।

