परसतराई स्कूल में दानवीर दाऊ पोषण लाल चंद्रवंशी की भव्य स्मृति स्मारक का विधायक अनुज शर्मा ने किया लोकार्पण
“जमीन और इमारत ही नहीं, दाऊ पोषण लाल जी ने आने वाली पीढ़ियों को सपनों के पंख दिए: विधायक अनुज शर्मा”
वर्ष 1962 में 10 एकड़ भूमि और 10 कमरे दान देकर जगाई थी शिक्षा की अलख, आज वटवृक्ष बना स्कूल
पूर्व छात्रों (एल्युमिनी) ने वर्षों बाद स्कूल प्रांगण में जुटकर लिया विद्यालय के सतत विकास का संकल्प
अंतरराष्ट्रीय वृद्धजन दिवस पर क्षेत्र के प्रबुद्धजनों का किया गया आत्मीय सम्मान
विद्यालय के उत्कृष्ट प्रदर्शन करने वाले छात्र-छात्राओं का किया गया सम्मान
परसतराई/धरसींवा:
ग्रामीण अंचल में शिक्षा की अलख जगाने वाले महान दानवीर एवं शिक्षाप्रेमी स्वर्गीय दाऊ पोषण लाल चंद्रवंशी जी की स्मृति को अक्षुण्ण बनाए रखने के लिए आज दाऊ पोषण लाल शासकीय उच्चतर माध्यमिक विद्यालय, परसतराई के पावन प्रांगण में एक भव्य एवं गरिमामय कार्यक्रम का आयोजन किया गया। क्षेत्रीय विधायक अनुज शर्मा के मुख्य आतिथ्य और कर-कमलों द्वारा दाऊ पोषण लाल चंद्रवंशी स्मृति स्मारक का विधिवत लोकार्पण किया गया। इसके साथ ही विद्यालय के पूर्व छात्रों का एक विशाल एल्युमिनी सम्मेलन भी सफलतापूर्वक संपन्न हुआ। आज इस ऐतिहासिक धरा पर उनकी भव्य स्मृति स्मारक स्थापित कर क्षेत्रवासियों व विद्यार्थियों ने उनके प्रति अपनी गहरी कृतज्ञता व्यक्त की।
छह दशक पहले दाऊ जी ने रोपा था शिक्षा का बीज:
उल्लेखनीय है कि वर्ष 1962 में दाऊ पोषण लाल चंद्रवंशी जी ने इस ग्रामीण क्षेत्र में शिक्षा के प्रचार-प्रसार के लिए अनुकरणीय पहल की थी। उस दौर में उन्होंने अपनी 10 एकड़ की मूल्यवान भूमि और 10 कमरे विद्यालय के लिए सहर्ष दान में दिए थे। उनकी इसी महान दानवीरता से जिस ‘विद्यालय रूपी बीज’ का रोपण हुआ था, आज वह एक विशाल वटवृक्ष बनकर क्षेत्र के हजारों युवाओं के भविष्य को रोशन कर रहा है।
अंतरराष्ट्रीय वृद्धजन दिवस पर प्रबुद्धजनों का सम्मान
कार्यक्रम के दौरान ‘अंतरराष्ट्रीय वृद्धजन दिवस’ का अवसर होने से समारोह में एक विशेष सम्मान समारोह का भी आयोजन किया गया। इस दौरान क्षेत्र के वरिष्ठ एवं प्रबुद्ध नागरिकों का शॉल, श्रीफल एवं स्मृति चिह्न भेंट कर आत्मीय अभिनंदन किया गया। विधायक अनुज शर्मा ने उपस्थित वृद्धजनों का आशीर्वाद लेते हुए समाज के निर्माण में उनके अनुभवों और योगदान की सराहना की।
विद्यालय के उत्कृष्ट प्रदर्शन करने वाले छात्र-छात्राओं का किया गया सम्मान
इस अवसर पर विद्यालय प्रांगण में एक विशेष सम्मान समारोह का भी आयोजन किया गया, जिसमें शैक्षणिक, सांस्कृतिक एवं खेलकूद के क्षेत्र में उत्कृष्ट प्रदर्शन करने वाले मेधावी छात्र-छात्राओं को विधायक अनुज शर्मा एवं अन्य अतिथियों द्वारा प्रशस्ति पत्र और पुरस्कार प्रदान कर सम्मानित किया गया।
यह पावन तिथि त्याग और दूरदर्शिता को नमन करने का दिन: अनुज शर्मा
कार्यक्रम को संबोधित करते हुए मुख्य अतिथि विधायक श्री अनुज शर्मा ने कहा, “आज की यह पावन तिथि केवल एक लोकार्पण का दिन नहीं है, बल्कि यह उस महान सोच, त्याग और दृष्टि को नमन करने का दिन है, जिसने आज से छह दशक पहले इस अंचल में शिक्षा की पहली अलख जगाई थी। वर्ष 1962 एक ऐसा समय था, जब ग्रामीण क्षेत्रों में शिक्षा की बात करना भी अत्यंत कठिन होता था। उस दौर में महान दानवीर दाऊ पोषण लाल चंद्रवंशी जी ने अद्भुत दूरदर्शिता का परिचय देते हुए 10 एकड़ भूमि और 10 कमरे दान में देकर इस ज्ञान मंदिर की नींव रखी थी।”
विधायक श्री शर्मा ने भावुक होते हुए आगे कहा, “सोचिए, एक व्यक्ति का त्याग कितने भविष्य गढ़ सकता है! उन्होंने केवल जमीन या इमारत दान नहीं दी, बल्कि आने वाली अनगिनत पीढ़ियों को उनके सपनों की उड़ान भरने के लिए पंख दिए थे। आज उसी ऐतिहासिक योगदान की पावन धरा पर दाऊ पोषण लाल चंद्रवंशी स्मृति स्मारक का लोकार्पण करते हुए मेरा हृदय अत्यंत अभिभूत और गौरवान्वित है। यह स्मारक केवल पत्थर या धातु की संरचना नहीं है; यह भावी पीढ़ियों के लिए प्रेरणा का एक अखंड स्रोत है। यह हर आते-जाते बच्चे को यह याद दिलाएगा कि समाज के लिए दिया गया योगदान कभी व्यर्थ नहीं जाता, वह युगों-युगों तक जीवित रहता है।”
समाज के सहयोग के बिना अधूरी है शिक्षा विस्तार की यात्रा:
विधायक श्री अनुज शर्मा ने समाज की भागीदारी पर जोर देते हुए कहा, “सरकार अपने स्तर पर शिक्षा सुविधाओं के विस्तार के लिए निरंतर प्रयासरत है, लेकिन समाज के सहयोग और दानवीरों के ऐसे अनुकरणीय योगदान के बिना यह यात्रा अधूरी है। शिक्षा ही वह एकमात्र माध्यम है जो व्यक्ति, समाज और राष्ट्र का संपूर्ण कायाकल्प कर सकती है। आइए, आज इस गौरवशाली अवसर पर हम सब मिलकर यह संकल्प लें कि दाऊ पोषण लाल चंद्रवंशी जी के बताए निस्वार्थ सेवा और शिक्षा के विस्तार के मार्ग पर अग्रसर रहेंगे। इस विद्यालय की गरिमा को नई ऊंचाइयों पर ले जाने के लिए हम सब मिलकर अपना सर्वोत्तम योगदान देंगे।”
पूर्व छात्रों ने याद किए पुराने दिन, लिया विकास का संकल्प:
स्मारक लोकार्पण के साथ ही आयोजित एल्युमिनी सम्मेलन में विद्यालय के पूर्व छात्रों ने बढ़-चढ़कर हिस्सा लिया। वर्षों बाद अपने पुराने विद्यालय प्रांगण में एकत्र हुए पूर्व छात्रों की आँखें पुरानी यादों को ताजा कर नम हो गईं। सभी पूर्व छात्रों ने दाऊ जी के ऐतिहासिक योगदान को श्रद्धापूर्वक याद किया और इस ‘ज्ञान के मंदिर’ के सतत विकास व प्रगति में अपना हरसंभव सहयोग देने का सामूहिक संकल्प लिया।
गरिमामय आयोजन में भारी जन उपस्थिति:
इस ऐतिहासिक और गौरवशाली अवसर पर मुख्य अतिथि विधायक अनुज शर्मा ,सरोज चन्द्रवंसी, शकुंतला ढीलेंद्र सेन, दिनेश खुटे,पूजा अश्वनी वर्मा, हेमंत वर्मा, किरण साहू सहित स्थानीय जन-प्रतिनिधि, क्षेत्र के प्रबुद्ध नागरिक, समाज प्रमुख, विद्यालय के प्राचार्य, शिक्षक-शिक्षिकाएं, बड़ी संख्या में छात्र-छात्राएं एवं ग्रामीण जन गरिमामय रूप से उपस्थित रहे।
